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कौन बनेगा अगला राजा ? कौन बनेगा अगला राजा ? Kaun Banega Agla Raja_hindi story for kids
कौन बनेगा अगला राजा ? Kaun Banega Agla Raja_hindi story for kids
कांची नगरी में उस समय राजा देवमित्र राज्य करते थे| जब राजा देवमित्र वृद्ध होने लगे तो उन्होंने अपने प्रधानमंत्री बोधायन से अगला उत्तराधिकारी नियुक्त करने की सलाह चाही, और पूछा कि मेरे पुत्रों में कौन बनेगा अगला राजा ?

प्रधानमंत्री बोधायन ने देवमित्र के बड़े पुत्र सुकेश को राजगद्दी देने की सलाह दी | मंत्री की सलाह पर नियत समय पर राजतिलक कर उसे राजा नियुक्त कर दिया |
सुकेश के राजा नियुक्त होने के एक दो दिन बाद ही एक ग्रामीण व्यक्ति रोता हुवा राजा के समक्ष दरबार में उपस्थित हुवा | उसने कहा कि “महाराज ! मैं बहुत ही गरीब हूँ और राजमाता ने मेरी झोपड़ी जलवा दी जबकि मेरा कोई दोष नहीं है मुझे न्याय दिलावे”
राजा सुकेश ने राजमाता के खिलाफ आरोप सुनते ही उस गरीब को दुत्कार दिया और कहा कि भविष्य में अगर राजमाता के विरुद्ध कोई आरोप ले कर आया तो उसे फांसी पर लटका दिया जायेगा |

सुकेश के इस अन्याय से दुखी हो कर ग्रामीण वहां से चला गया |
यह बात जब देवमित्र ने सुनी तो उनकी आत्मा ने धिकारा , उन्होंने अगले दिन सुकेश को राजगद्दी से हटा कर उस से छोटे पुत्र विदेह को राजा नियुक्त कर दिया |
राजा विदेह अब राजकाज संभालने लगा , कुछ दिन बाद एक कलाकार अपनी प्रार्थना लेकर हाजिर हुवा , उसने कहा कि “ महाराज! मैं कलाकार हूँ तथा मेरी कला से जो मैंने कमाया वो सब धन आपके मंत्री ने कुवें में फेंक दिया, आप मेरे साथ न्याय कर मुझे मेरी कमाई वापिस दिलावे”|
राजा विदेह ने जब अपने ही मंत्री के विरुद्ध आरोप सुना तो उन्होंने राजकोष से उस कलाकार को धन दे दिया | राजा देवमित्र ये सब देख रहे थे , अगले दिन उन्होंने विदेह को राजगद्दी से हटा दिया और अपने सबसे छोटे पुत्र अधिरथ को राजा नियुक्त कर दिया |
दो दिन बाद एक पीड़ित राज दरबार में आया और कहने लगा कि “महाराज! मैंने अपने राज्य का सारा कर चूका दिया है फिर भी कल आपके पिताजी ने मुझसे दुबारा कर माँगा और ना देने पर मुझे सौ कौड़े का दंड दिया”|
राजा अधिरथ ने अपने पिता देवमित्र को बुलाकर सच जाना| देवमित्र ने कहा कि हाँ ! ऐसा किया है|
राजा अधिरथ ने अपने पिता देवमित्र के द्वारा किये गये इस अन्याय पूर्ण कृत्य के लिए सौ कोड़े देने की सज्जा सुनाई| सारा दरबार ये सुनकर सन्न रह गया |

सिपाहियों ने देवमित्र के आदेश की पालना में देवमित्र को सौ कोड़े मार दिए|
जैसे ही सौ कौड़े पूरे हुवे राजा अधिरथ ने अपना राजपद छोड़ने की घोषणा कर दी और कहा कि जिस पद पर रह कर अगर पिता को सज्जा देनी पड़े तो ऐसा राजपद नहीं चाहिए |
महाराज देवमित्र ने अपने पुत्र को गले लगाते हुवे कहा कि तुम ही इस पद के योग्य हो , तुमने सही न्याय किया|

न्याय करते समय सिर्फ अपराध को देखना चाहिए ना कि अपराधी को| अगला राजा कौन होगा ? अब इसका उत्तर मिल गया , अब अधिरथ राजा होगा |
शिक्षा :- शासक का चुनाव उसकी योग्यता से होना चाहिए ना कि उसकी आयु से |